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Sunday, 21 August 2011

मच गया शोर सारी नगरी रे-खुद्दार १९८२

आज जन्माष्टमी क पर्व है। आइये इस अवसर पर आपको एक गीत

सुनवाते हैं अमिताभ और परवीन बॉबी पर फिल्माया गया फिल्म

खुद्दार से है। मजरूह सुल्तानपुरी ने इस गीत को लिखा है और धुन

बनायीं है राजेश रोशन ने। इस गीत को गाया है लता मंगेशकर और

किशोर कुमार ने। मटकी फोड़ कार्यक्रम इस अवसर पर अवश्य होता

है। इस गीत में उसका भी आनंद ले लीजिये।











गीत के बोल:



मच गया शोर सारी नगरी रे, सारी नगरी रे

आया बिरज का बांका संभाल तेरी गगरी रे

आया बिरज का बांका संभाल तेरी गगरी रे

मच गया शोर सारी नगरी रे, सारी नगरी रे

आया बिरज का बांका संभाल तेरी गगरी रे

हो आया बिरज का बांका संभाल तेरी गगरी रे



देखो अरे देखो कहीं ऐसा न हो जाए

चोरी करे माखन तेरा जिया भी चुराए

देखो अरे देखो कहीं ऐसा न हो जाए

चोरी करे माखन तेरा जिया भी चुराए

अरे धमकता है इतना तू किसको

डरता है कौन आने दे उसको

डरता है कौन आने दे उसको

ऐसे न बहुत बोलो

मत ठुमक ठुमक दोलो

चिल्लाओगी बहुत गोरी

जब उलट देगा तोरी

गगरी आ के बीच डगरी रे



मच गया शोर सारी नगरी रे, सारी नगरी रे

आया बिरज का बांका संभाल तेरी गगरी रे

आया बिरज का बांका संभाल तेरी गगरी रे



ला रा ला ला ला रा ला ला ला

ला रा ला ला ला रा ला ला ला



जाने क्या करता अगर होता कहीं गोरा

जा के जमुना में ज़रा शक्ल देखे छोरा

जाने क्या करता अगर होता कहीं गोरा

जा के जमुना में ज़रा शक्ल देखे छोरा

बिंदिया चमकाती रस्ते में न जा

मनचला भी है गोकुल का राजा

मनचला भी है गोकुल का राजा

पड़ जाये नहीं पाला राधा से कहीं लाला

फिर रोयेगा गोविंदा मारेंगी ऐसा फंदा

गर गर से बंधेगी ऐसी चुनरी रे



मच गया शोर सारी नगरी रे, सारी नगरी रे

आया बिरज का बांका संभाल तेरी गगरी रे

हो ओ ओ आया बिरज का बांका संभाल तेरी गगरी रे



अरे मच गया शोर सारी नगरी रे, सारी नगरी रे

आया बिरज का बांका संभाल तेरी गगरी रे

हो आया बिरज का बांका संभाल तेरी गगरी रे

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Mach Gaya Shor Sari Nagri-Khuddar 1982
 
 
www.lyrics2nd.blogspot.com